सरकार की नजर लचीले ईंधन वाले वाहनों को तेजी से आगे बढ़ाने पर है

घटनाक्रम से वाकिफ लोगों ने कहा कि चूंकि प्रमुख कार और दोपहिया निर्माताओं ने अपने प्रोटोटाइप एफएफवी मॉडल तैयार कर लिए हैं, इसलिए सरकार को अब इन वाहनों को अपनाने के लिए आवश्यक पारिस्थितिकी तंत्र बनाने की जरूरत है। सरकार ने दावा किया कि पेट्रोल में 20 प्रतिशत इथेनॉल मिलाने से भारत को प्रति वर्ष लगभग 4.5 करोड़ बैरल (700 करोड़ लीटर) कच्चे तेल के आयात को बचाने में मदद मिली है।

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